राजनांदगांव। राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह के तीसरे दिन पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा के निर्देशन में और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मुकेश ठाकुर के मार्गदर्शन में यातायात पुलिस ने शहर के प्रमुख चौक-चौराहों पर जागरूकता अभियान चलाया। इस अभियान के तहत पाम्पलेट और पोस्टर के माध्यम से आम नागरिकों को यातायात नियमों का पालन करने के लिए जागरूक किया गया।
यातायात पुलिस ने वाहन चालकों और सड़कों पर चलने वाले लोगों को सड़क सुरक्षा के महत्व के बारे में बताया। इसके साथ ही, सड़क दुर्घटनाओं में पीड़ितों को मिलने वाली शासन की मुआवजा योजनाओं के बारे में भी जानकारी दी गई।
पाम्पलेट पोस्टर के माध्यम से आम नागरिकों से अपील की गई कि यदि वे किसी सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचाकर उसकी जान बचाते हैं, तो उन्हें गुड समैरिटन के रूप में सम्मानित किया जाएगा। इसके तहत, शासन द्वारा उन्हें 25,000 रुपये से लेकर 1,00,000 रुपये तक की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी, साथ ही प्रशस्ति पत्र भी प्रदान किया जाएगा।
इसके अलावा, सड़क दुर्घटनाओं में अज्ञात वाहन द्वारा ठोकर मारकर भाग जाने की स्थिति में गंभीर रूप से घायल व्यक्ति को 50,000 रुपये तथा मृतक के परिवार को 2,00,000 रुपये का मुआवजा दिया जाएगा।
इस जागरूकता अभियान के दौरान वाहन चालकों को यातायात नियमों का पालन करने के लिए निम्नलिखित निर्देश दिए गए, जिसमें चारपहिया वाहन चलाते समय सीट बेल्ट पहनना अनिवार्य है। शराब पीकर वाहन न चलाएं, चौक-चौराहों पर लगे सिग्नल लाइट्स का पालन करें। वाहन की गति सीमा का पालन करें। वाहन चलाते समय मोबाइल का इस्तेमाल न करें। माल वाहनों में क्षमता से अधिक सामान न भरें। यात्री वाहनों में निर्धारित संख्या से अधिक यात्री न बैठाएं।
इस अभियान का मुख्य उद्देश्य नागरिकों को सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक करना है ताकि सड़क दुर्घटनाओं की संख्या में कमी आ सके और सड़क पर सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। पुलिस विभाग ने इस अभियान के माध्यम से जनता से अपील की है कि वे सड़क पर सुरक्षित रहें और यातायात नियमों का पालन करें।
राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह के तीसरे दिन यातायात नियमों का पालन करने के लिए अभियान
