राजनांदगांव। डोंगरगांव थाना पुलिस ने मात्र 24 घंटे के भीतर बड़ी चोरी का खुलासा कर दिया और लगभग 4 लाख रुपये के सोने के जेवरात बरामद कर लिए। इस सफलता के पीछे पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा के दिशा-निर्देश और थाना प्रभारी आशीर्वाद राहटगांवकर की नेतृत्व में चलाए गए अभियान का अहम योगदान रहा।
03 जनवरी 2026 को प्रार्थी सूर्यदेव मरावी ने डोंगरगांव थाना में रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसके घर में अज्ञात चोरों ने प्रवेश किया और सूने मकान में रखे आलमारी एवं लॉकर का ताला तोड़कर सोने के दो हार, मंगलसूत्र, टाप्स, अंगूठी और लॉकेट चोरी कर लिए। घटना के वक्त घर में कोई नहीं था, और चोरों ने बड़ी सफाई से चोरी की वारदात को अंजाम दिया। इस पर थाना डोंगरगांव में अपराध क्रमांक 06/2026 दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मुकेश ठाकुर और पुलिस अनुविभागीय अधिकारी डोंगरगांव दिलीप सिसोदिया के मार्गदर्शन में थाना डोंगरगांव की टीम ने घटना स्थल का निरीक्षण किया। इसके बाद आसपास के लोगों से पूछताछ की गई, और डॉग स्मड की मदद ली गई। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज की जांच की और पुराने आरोपियों पर निगरानी शुरू की।
पुलिस को घटनास्थल से जुड़े अहम सुराग मिले, जिससे उन्हें आरोपी के बारे में जानकारी मिली। इस दौरान आरोपी पूर्णानंद सोनकर (32 वर्ष) और रेश्मा मरकाम (35 वर्ष) के नाम सामने आए, साथ ही एक विधि से संघर्षरत बालक को भी गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में आरोपियों ने चोरी की घटना को स्वीकार किया और उनके कब्जे से न सिर्फ चोरी किए गए जेवरात बरामद किए गए, बल्कि चोरी में उपयोग किए गए हथियार और औजार भी जब्त किए गए।
पुलिस ने चोरी किए गए सभी जेवरात को आरोपी के कब्जे से बरामद कर लिया, जिनकी कुल कीमत करीब 4 लाख रुपये बताई जा रही है। इस तरह से डोंगरगांव पुलिस ने 100 प्रतिशत मशरूका बरामद कर चोरी के मामले को सुलझा लिया।
गिरफ्तार आरोपियों में पूर्णानंद सोनकर, उम्र-32 वर्ष, निवासी बोधीटोला, डोंगरगांव, रेश्मा मरकाम, उम्र-35 वर्ष, निवासी बोधीटोला, डोंगरगांव एवं विधि से संघर्षरत बालक शामिल है।
इस सफलता में थाना प्रभारी निरीक्षक आशीर्वाद राहटगांवकर, सउनि देवकुमार रावटे, प्रधान आरक्षक संदीप देशमुख, आरक्षक धर्मेन्द्र मांडले, हेमंत सूर्यवंशी, बिसराम वर्मा, चन्द्रप्रकाश हरमुख और जीतेश साहू की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे अपने घरों में चोरी की घटनाओं को रोकने के लिए सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें।
डोंगरगांव पुलिस की तत्परता और प्रभावी कार्रवाई से चोरी की घटना का शीघ्र खुलासा हुआ है, जिससे स्थानीय नागरिकों में विश्वास और सुरक्षा की भावना मजबूत हुई है।
24 घंटे के भीतर डोंगरगांव थाना ने किया चोरी का खुलासा, 4 लाख रुपये के जेवरात बरामद
