बिजली कंपनी का अभियान : 279 बकायेदारों से 48 लाख 39 हजार रुपये की वसूली, 373 कनेक्शन काटे गए

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राजनांदगांव। राजनांदगांव शहर में छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड द्वारा बिजली बिल का भुगतान न करने वाले उपभोक्ताओं से बकाया राजस्व वसूली के लिए व्यापक अभियान चलाया गया। इस अभियान में 279 बकायेदारों से 48 लाख 39 हजार रुपये की राशि की वसूली की गई, और समझाइश के बाद भी भुगतान न करने वाले 373 उपभोक्ताओं के विद्युत कनेक्शन काट दिए गए।

कार्रवाई का विस्तृत विवरण
राजनांदगांव संभाग के कार्यपालन अभियंता श्री कौशलेन्द्र पाण्डे ने बताया कि इस अभियान के तहत घरेलू, गैर-घरेलू और औद्योगिक श्रेणी के बकायेदारों के विद्युत कनेक्शन विच्छेदन एवं बकाया राशि वसूली की कार्यवाही की जा रही है। इस दौरान 373 उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटे गए, जिन पर 57 लाख 72 हजार रुपये का बकाया था।

वहीं, बिजली कंपनी द्वारा उपभोक्ताओं को समय पर भुगतान करने के लिए लगातार अवगत कराया जा रहा है, ताकि उन्हें लाइन विच्छेदन से बचने के लिए समय पर बिल का भुगतान करने की आदत बन सके। इसके अलावा, उपभोक्ताओं को मोर बिजली ऐप के माध्यम से बिल भुगतान करने और 400 यूनिट तक हॉफ बिजली बिल योजना का लाभ उठाने के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है।

पीएम सूर्य घर योजना और अन्य योजनाओं की जानकारी
अधिकारी इस अभियान के तहत उपभोक्ताओं को पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के बारे में भी जानकारी दे रहे हैं, जिसमें 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली प्रदान की जाती है। इसके साथ ही, राज्य सरकार द्वारा दी जाने वाली सब्सिडी योजनाओं और बिजली बिल हॉफ योजना के बारे में भी उपभोक्ताओं को अवगत कराया जा रहा है।

अधिकारियों की अपील
राजस्व वसूली के लिए तैनात अधिकारियों ने बकायादार उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे विद्युत बिल का नियमित रूप से भुगतान करें, ताकि लाइन विच्छेदन की कार्यवाही से बच सकें। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि अगर बिजली बिल का नियमित भुगतान नहीं किया जाता है, तो उपभोक्ता राज्य सरकार की बिजली बिल हॉफ योजना के लाभ से वंचित हो सकते हैं।

इसके साथ ही, राजनांदगांव जिले के सभी शासकीय विभाग के प्रमुखों को पत्र भेजकर अतिशीघ्र बिजली बिल भुगतान करने का निवेदन किया गया है।

यह अभियान शहर के उपभोक्ताओं को समय पर बिजली बिल चुकाने के लिए जागरूक करने के साथ-साथ बिजली वितरण व्यवस्था में पारदर्शिता और सुधार लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हो रहा है।