राजनांदगांव। कलेक्टर जितेन्द्र यादव ने ऑनलाइन वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से राजस्व अधिकारियों की बैठक ली एवं जिले के विभिन्न राजस्व प्रकरणों की समीक्षा की। समीक्षा के दौरान उन्होंने अंतिम आदेश हेतु लंबित प्रकरणों की विस्तृत जानकारी ली। कलेक्टर श्री यादव ने जिन प्रकरणों में सुनवाई पूर्ण हो चुकी है, उनमें शीघ्र अंतिम आदेश पारित करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी लंबित राजस्व प्रकरणों का शासन द्वारा निर्धारित समय-सीमा के भीतर अनिवार्य रूप से निराकरण सुनिश्चित करने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि राजस्व प्रकरणों के त्वरित, निष्पक्ष एवं पारदर्शी निपटारे से आम नागरिकों को समय पर न्याय एवं राहत मिलती है। इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। साथ ही प्रकरणों की नियमित मॉनिटरिंग कर प्रगति की समीक्षा करने के निर्देश भी दिए गए। आदेश के लंबित समस्त प्रकरणों में नियत तिथि में आदेश पारित किये जाने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने जिले के लंबित विभिन्न राजस्व न्यायालय में लंबित अविवादित नामांतरण, खाता विभाजन एवं विवादित नामांतरण, खाता विभाजन, सीमांकन, व्यपवर्तन, त्रुटि सुधार, स्वामित्व योजना एवं मौसम रबी डिजिटल क्रॉप सर्वे की समीक्षा की गई एवं समय-सीमा में निराकरण के निर्देश दिए गए। कलेक्टर के निर्देशों के पश्चात समीक्षा के 1 दिवस के भीतर राजस्व अधिकारियों द्वारा 150 प्रकरणों में अंतिम आदेश पारित किए गए। राजस्व अनुविभाग राजनांदगांव अन्तर्गत अनुविभागीय अधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार द्वारा कुल 99 प्रकरणों में आदेश पारित किये। इसी प्रकार राजस्व अनुविभाग डोंगरगांव अन्तर्गत अनुविभागीय अधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार द्वारा कुल 28 प्रकरणों में आदेश पारित किये तथा राजस्व अनुविभाग डोंगरगढ़ अन्तर्गत अनुविभागीय अधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार द्वारा कुल 23 प्रकरणों में आदेश पारित किये। जिससे प्रकरणों के त्वरित निराकरण की दिशा में प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित हुई। ऑनलाइन वीसी में सीएल मार्कण्डेय, प्रेम प्रकाश शर्मा अपर कलेक्टर विश्वास कुमार, अभिषेक तिवारी डिप्टी कलेक्टर, सभी अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) तहसीलदार, नायब तहसीलदार एवं संबंधित राजस्व अधिकारी उपस्थित रहे।
राजस्व प्रकरणों के त्वरितए निष्पक्ष एवं पारदर्शी निपटारे से आम नागरिकों को समय पर मिलती है न्याय एवं राहत : कलेक्टर
