राष्ट्रीय मधुमक्खी पालन मिशन : ग्रामीण और आदिवासी कृषकों को सात दिवसीय प्रशिक्षण

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राजनांदगांव। राष्ट्रीय मधुमक्खी बोर्ड अंतर्गत संचालित राष्ट्रीय मधुमक्खी पालन एवं शहद मिशन योजना के तहत ग्रामीण एवं आदिवासी अंचल के कृषकों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के उद्देश्य से कृषि विज्ञान केन्द्र राजनांदगांव द्वारा 21 मार्च से 27 मार्च तक शासकीय उद्यानिकी रोपणी केतकीटोला अम्बागढ़ चौकी में सात दिवसीय मधुमक्खी पालन प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजित किया गया। प्रशिक्षण के लिए चयनित 25 कृषकों को मधुमक्खी पालन से संबंधित से जानकारी प्रदर्शन के माध्यम से दी गई।
कृषि विज्ञान केन्द्र के वैज्ञानिक डॉ. नूतन रामटेके, श्रीमती अंजली घृतलहरे, डॉ. अतुल डांगे एवं कार्यक्रम समन्वयक जितेन्द्र मेश्राम द्वारा मधुमक्खी पालन हेतु विभिन्न विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गई। कृषकों को इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय रायपुर एवं कृषि विज्ञान केन्द्र रायपुर के मधुमक्खी पालन इकाई एवं अन्य इकाइयों का भ्रमण कराया गया। कृषि महाविद्यालय रायपुर के कीट विभाग के वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. जयालक्ष्मी गांगुली ने मधुमक्खी पालन के जीवन चक्र के बारे में विस्तृत जानकारी दी। कृषि विज्ञान केन्द्र रायपुर के वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख डॉ. गौतम राय तथा केन्द्र के वैज्ञानिक डॉ. प्रेमशंकर तिवारी ने मधुमक्खी पालन के विभिन्न विषयों से अवगत कराया। कार्यक्रम में मोहन साहू, हितेश साहू एवं प्रगतिशील कृषक मोहम्मद जाहिद द्वारा मधुमक्खी पालन में अपने अनुभव साझा किए और प्रायोगिक प्रशिक्षण कराया। प्रशिक्षण कार्यक्रम के समापन अवसर पर कृषकों को मधुमक्खी पालन हेतु विभिन्न सामग्री एवं प्रमाण पत्र का वितरण किया गया।