राजनांदगांव। छत्तीसगढ़ में लगातार बढ़ रहे पारे और भीषण गर्मी को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड पर आ गया है। जिले के नागरिकों को राहत देने और मरीजों को लू के प्रकोप से बचाने के लिए जिला अस्पताल सहित तमाम ग्रामीण स्वास्थ्य केंद्रों में पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की कोशिश है कि अस्पताल आने वाले किसी भी मरीज या तीमारदार को इस भीषण गर्मी में परेशान न होना पड़े।
वार्डों में ठंडी हवा के इंतजाम, जीवनदीप समिति से मिल रही मदद
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. नेतराम नवरतन ने बताया कि बढ़ती गर्मी के मद्देनजर जिला अस्पताल राजनांदगांव के सभी वार्डों में एसी (एयर कंडीशनर) और कूलर दुरुस्त कर चालू कर दिए गए हैं। इसके साथ ही अस्पताल परिसर के सभी कोनों में पर्याप्त संख्या में पंखे और मरीजों व परिजनों के लिए शुद्ध व शीतल पेयजल (ठंडा पानी) की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है।
ग्रामीण क्षेत्रों का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया:
सामुदायिक व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र: ओपीडी (बाह्य रोगी विभाग) और आईपीडी (भर्ती मरीजों के वार्ड) दोनों ही जगह कूलर-पंखे लगाए गए हैं।
उप स्वास्थ्य केंद्र: जमीनी स्तर पर भी मरीजों को राहत देने के लिए पंखों की व्यवस्था की गई है।
जीवनदीप समिति का सहयोग: जिन केंद्रों में संसाधनों की कमी थी, वहां आवश्यकतानुसार जीवनदीप समिति के माध्यम से तत्काल पंखे और कूलर की आपूर्ति की जा रही है।
हीट स्ट्रोक को लेकर अलर्ट, पोर्टल पर होगी दैनिक रिपोर्टिंग
स्वास्थ्य विभाग ने आम नागरिकों के लिए लू (हीट वेव) से बचाव और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने के लिए विशेष अलर्ट जारी किया है। इसके तहत सभी सामुदायिक और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में ‘हीट स्ट्रोक’ से बचाव और लक्षणों से संबंधित आईईसी (सूचना, शिक्षा और संचार) पोस्टर व बैनर प्रदर्शित किए गए हैं, ताकि लोग जागरूक हो सकें।
डिजिटल मॉनिटरिंग:
गर्मी जनित बीमारियों और लू के मामलों की गंभीरता को देखते हुए विभाग पूरी तरह गंभीर है। सभी स्वास्थ्य संस्थानों से हीट स्ट्रोक से संबंधित मामलों की दैनिक रिपोर्टिंग आईएचआईपी (IHIP) पोर्टल के माध्यम से अनिवार्य रूप से की जा रही है, ताकि स्थिति पर नजर रखी जा सके।
स्वास्थ्य विभाग ने अपील की है कि तेज धूप में निकलने से बचें, सूती कपड़े पहनें और शरीर में पानी की कमी न होने दें। तबीयत बिगड़ने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टर से संपर्क करें।
