राजनांदगांव। पुलिस चौकी चिचोला क्षेत्र अंतर्गत ग्राम महाराजपुर में एनएच-53 के किनारे संदिग्ध परिस्थितियों में मिले प्रेमलाल साहू के शव के मामले में पुलिस ने अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझा ली है। सिर पर भारी पत्थर पटककर की गई इस हत्या को आरोपियों द्वारा सड़क दुर्घटना का रूप देने की साजिश रची गई थी। मामले में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने मृतक की पत्नी और उसके प्रेमी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से दोनों को जेल भेज दिया गया है।
मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम रामपुर निवासी प्रार्थी ओमप्रकाश साहू ने पुलिस चौकी चिचोला में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसका भाई प्रेमलाल साहू (निवासी रामपुर) बीते 10 अगस्त की रात करीब 7 से 9 बजे के बीच भारत पेट्रोल पंप के पास गड्ढे में घायल अवस्था में पड़ा मिला था। उसके चेहरे व माथे पर चोट के निशान थे तथा पास ही खून से सना एक बड़ा मुरूम पत्थर पड़ा हुआ था। संदिग्ध परिस्थितियों में हुई इस घटना पर पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की।
कॉल डिटेल और तकनीकी साक्ष्यों से खुला राज
एसपी अंकिता शर्मा, एएसपी कीर्तन राठौर एवं एसडीओपी केसरीनंदन नायक के मार्गदर्शन में चिचोला चौकी प्रभारी निरीक्षक योगेश पटेल व टीम ने जांच शुरू की। घटनास्थल के साक्ष्यों, गवाहों, परिजनों के बयानों तथा मोबाइल सीडीआर (CDR) व लोकेशन जैसे तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने मृतक की पत्नी गंगोत्री साहू (27 वर्ष) और उसके प्रेमी नरबद साहू (40 वर्ष, निवासी ग्राम पटपर) को कड़ाई से पूछताछ के लिए हिरासत में लिया।
हत्या के पीछे की वजह
पुलिस पूछताछ में दोनों आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। जांच में सामने आया कि मृतक अक्सर अपनी पत्नी के साथ गाली-गलौज कर घर से निकालने की धमकी देता था। इसके अलावा आरोपी नरबद साहू द्वारा मृतक को दिए गए पैसों के लेन-देन को लेकर विवाद और पत्नी के साथ अवैध संबंध ही हत्या का मुख्य कारण बने। आरोपियों ने हत्या के बाद मामले को सड़क हादसा दिखाने की कोशिश की थी।
सलाखों के पीछे पहुंचे आरोपी
पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर रिमांड पर माननीय न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है। इस अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाने में चौकी प्रभारी योगेश पटेल, सउनि. वीरेंद्र नाविक सहित पुलिस स्टाफ की सराहनीय भूमिका रही।
