बलौदा बाजार। छत्तीसगढ़ के बलौदा बाजार जिले के शिक्षा जगत के लिए एक बेहद गौरवपूर्ण और ऐतिहासिक क्षण सामने आया है। विकासखंड सिमगा के संकुल खिलोरा के अंतर्गत शासकीय प्राथमिक शाला, केसली में पदस्थ शिक्षिका श्रीमती चंद्रिका टोडर को उनके उत्कृष्ट शिक्षण, नवाचारों और शिक्षा के क्षेत्र में अप्रतिम योगदान के लिए प्रतिष्ठित स्वर्गीय हरिवंश मिश्र राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान-2026 से अलंकृत किया गया है।
यह सम्मान देश के उन चुनिंदा शिक्षकों को दिया जाता है जिन्होंने शिक्षा के माध्यम से समाज और राष्ट्र निर्माण में अपनी महती भूमिका निभाई है।
रायपुर में गरिमामय समारोह में मिला सम्मान
राष्ट्रीय शिक्षा अंजोर भारत द्वारा आयोजित यह भव्य सम्मान समारोह 15 जुलाई 2026 को रायपुर के विमतारा, मधु पिल्ले चौक (शांति नगर) में आयोजित किया गया। समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में हरिभूमि समूह के प्रधान संपादक डॉ. हिमांशु द्विवेदी उपस्थित थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रख्यात शिक्षाविद् एवं समाजसेवी संजय अग्रवाल ने की, जबकि विशिष्ट अतिथि के रूप में डॉ. चितरंजन कर एवं डॉ. पूर्णानंद मिश्रा मंच पर मौजूद रहे।
कड़े मापदंडों और स्क्रूटनी के बाद हुआ चयन
संस्था के पदाधिकारियों ने बताया कि इस वर्ष राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान के लिए पूरे देश से लगभग 700 शिक्षकों के आवेदन प्राप्त हुए थे। चयन प्रक्रिया को पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए राज्यपाल पुरस्कार प्राप्त शिक्षकों के एक उच्चस्तरीय पैनल का गठन किया गया था। कड़े मानकों पर गहन मूल्यांकन और भौतिक सत्यापन के बाद देश के केवल 250 उत्कृष्ट शिक्षकों को इस सूची में स्थान मिला, जिसमें बलौदा बाजार की शिक्षिका श्रीमती चंद्रिका टोडर ने अपनी विशिष्ट कार्यशैली के दम पर फाइनल लिस्ट में जगह बनाई।
नवाचार और डिजिटल शिक्षा को बनाया हथियार
श्रीमती चंद्रिका टोडर ने प्राथमिक स्तर के बच्चों के लिए शिक्षण को बोझिल बनाने के बजाय खेल-खेल में सीखने (बाल-केंद्रित गतिविधियों) और डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा दिया है। इसके साथ ही उन्होंने विद्यालय में नैतिक मूल्यों के संवर्धन, पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता, बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए नए.नए प्रयोग किए हैं। उनके इन अभिनव प्रयासों के कारण न केवल बच्चों का सीखने का स्तर बेहतर हुआ, बल्कि स्कूल में बच्चों की दर्ज संख्या और उपस्थिति में भी बड़ा सकारात्मक बदलाव आया है।
जिलेवासियों और सहकर्मियों में हर्ष की लहर
श्रीमती टोडर को राष्ट्रीय सम्मान मिलने पर जिले के शिक्षा विभाग, सहकर्मी शिक्षकों, ग्रामीणों और छात्र-छात्राओं में भारी उत्साह है। जिला प्रशासन व वरिष्ठ शिक्षा अधिकारियों ने इसे जिले के लिए एक बड़ी उपलब्धि बताते हुए श्रीमती टोडर को शुभकामनाएं और बधाई प्रेषित की हैं।
एक समर्पित व्यक्तित्व की स्मृति को नमन
संस्था के अनुसार, यह समारोह भूतपूर्व प्रधानपाठक स्वर्गीय हरिवंश मिश्र की पुण्य स्मृति को समर्पित है, जिन्होंने अपना पूरा जीवन शिक्षा, अनुशासन, नैतिक संस्कार और समाज सेवा के लिए होम कर दिया। यह पुरस्कार शिक्षकों की उसी निःस्वार्थ सेवा भावना का अभिनंदन है।
